सत्संग ध्यान समाचार

सत्संग न्यूज़
समाचार लोड हो रहे हैं...
ध्यान न्यूज
जानकारी लोड हो रही है...

Ad1

LS39 जीवन संदेश: ८६४ अनमोल सूक्तियों का संग्रह जो बदल सकता है आपका जीवन | पुस्तक समीक्षा

जीवन-संदेश: ८६४ अनमोल सूक्तियों का संग्रह जो बदल सकता है आपका जीवन | पुस्तक समीक्षा जीवन-संदेश: ८६४ अनमोल सूक्तियों का संग्रह जो बदल सकता ...
- 4:49:00 am
LS39 जीवन संदेश: ८६४ अनमोल सूक्तियों का संग्रह जो बदल सकता है आपका जीवन | पुस्तक समीक्षा LS39  जीवन संदेश: ८६४ अनमोल सूक्तियों का संग्रह जो बदल सकता है आपका जीवन | पुस्तक समीक्षा Reviewed by सत्संग ध्यान on 4:49:00 am Rating: 5

५३. दया लौट आती है || ब्रह्ममुहूर्त में ध्यान का महत्व: महर्षि मँहीँ परमहंस जी का प्रेरक प्रसंग | Brahmamuhurta

ब्रह्ममुहूर्त में ध्यान का महत्व:      प्रभु प्रेमियों ! अध्यात्म की राह पर चलने वाले हर साधक के मन में एक ही अभिलाषा होती है—"ध्यान मे...
- 1:06:00 pm
५३. दया लौट आती है || ब्रह्ममुहूर्त में ध्यान का महत्व: महर्षि मँहीँ परमहंस जी का प्रेरक प्रसंग | Brahmamuhurta ५३. दया लौट आती है || ब्रह्ममुहूर्त में ध्यान का महत्व: महर्षि मँहीँ परमहंस जी का प्रेरक प्रसंग | Brahmamuhurta Reviewed by सत्संग ध्यान on 1:06:00 pm Rating: 5

52. चोर पर दया || ​ संत की करुणा: जब महर्षि मेँहीँ ने चोर को बनाया इंसान || कुप्पाघाट की रोचक घटना

कुप्पाघाट की प्रेरक घटना     प्रभु प्रेमियों ! यह हृदयस्पर्शी घटना महर्षि मेँहीँ परमहंस जी महाराज के जीवन की है, जो हमें सिखाती है कि कठोर द...
- 8:50:00 am
52. चोर पर दया || ​ संत की करुणा: जब महर्षि मेँहीँ ने चोर को बनाया इंसान || कुप्पाघाट की रोचक घटना 52. चोर पर दया || ​ संत की करुणा: जब महर्षि मेँहीँ ने चोर को बनाया इंसान || कुप्पाघाट की रोचक घटना Reviewed by सत्संग ध्यान on 8:50:00 am Rating: 5

51. एक चोर पकड़ा है || अहिंसा और कर्म का विधान : जीवन की सार्थकता का मार्ग The principle of non-violence and karma

अहिंसा और कर्म का विधान :       प्रभु प्रेमियों। !  यह एक बहुत ही गहरा और आध्यात्मिक लेख है।  पूज्यपाद गुरूसेवी स्वामी भागीरथ बाबा जी महाराज...
- 2:59:00 pm
51. एक चोर पकड़ा है || अहिंसा और कर्म का विधान : जीवन की सार्थकता का मार्ग The principle of non-violence and karma 51. एक चोर पकड़ा है || अहिंसा और कर्म का विधान : जीवन की सार्थकता का मार्ग  The principle of non-violence and karma Reviewed by सत्संग ध्यान on 2:59:00 pm Rating: 5

50. पैंठी लाओ || 'पेंठी" या "पैंठी" एक छोटा-सा डंडा या पैंना है, जिससे गाय, बकरी, भैंस वगैरह को हांकते हैं।

पेंठी" या "पैंठी" एक छोटा-सा डंडा या पैंना है।      प्रभु प्रेमियों !  'पेंठी" या "पैंठी" एक पारंपरिक भारत...
- 9:07:00 am
50. पैंठी लाओ || 'पेंठी" या "पैंठी" एक छोटा-सा डंडा या पैंना है, जिससे गाय, बकरी, भैंस वगैरह को हांकते हैं। 50. पैंठी लाओ || 'पेंठी" या "पैंठी" एक छोटा-सा डंडा या पैंना है, जिससे गाय, बकरी, भैंस वगैरह को हांकते हैं। Reviewed by सत्संग ध्यान on 9:07:00 am Rating: 5

45. मूँगफली की माँग || मूँगफली पोषक तत्वों प्रोटीन, विटामिन E, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है।

मूँगफली पोषक तत्वों प्रोटीन, विटामिन E, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है।       प्रभु प्रेमियों !  मूँगफली पोषक तत्वों (प्रोटी...
- 2:27:00 pm
45. मूँगफली की माँग || मूँगफली पोषक तत्वों प्रोटीन, विटामिन E, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है। 45. मूँगफली की माँग || मूँगफली पोषक तत्वों प्रोटीन, विटामिन E, मैग्नीशियम और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है। Reviewed by सत्संग ध्यान on 2:27:00 pm Rating: 5

46. परिस्थिति के कारण विचार में बदलाव || परिस्थितियाँ हमारे विचारों और कार्यों को गढ़ती हैं ।

परिस्थितियाँ हमारे विचारों और कार्यों को गढ़ती हैं ।       प्रभु प्रेमियों  !  'परिस्थिति के कारण विचार में परिवर्तन' का अर्थ है कि ...
- 2:25:00 pm
46. परिस्थिति के कारण विचार में बदलाव || परिस्थितियाँ हमारे विचारों और कार्यों को गढ़ती हैं । 46. परिस्थिति के कारण विचार में बदलाव  ||  परिस्थितियाँ हमारे विचारों और कार्यों को गढ़ती हैं । Reviewed by सत्संग ध्यान on 2:25:00 pm Rating: 5

47. भोजन और युद्ध की बातें || Food and war देश, काल और परिस्थिति के अनुसार इन दोनों का चयन

47.  भोजन और युद्ध की बातें     प्रभु प्रेमियों ! भोजन और युद्ध, दोनों ही मानव अस्तित्व के बुनियादी पहलू हैं, लेकिन वे जीवन और मृत्यु के बिल...
- 11:59:00 am
47. भोजन और युद्ध की बातें || Food and war देश, काल और परिस्थिति के अनुसार इन दोनों का चयन 47.  भोजन और युद्ध की बातें ||  Food and war  देश, काल और परिस्थिति के अनुसार इन दोनों का चयन Reviewed by सत्संग ध्यान on 11:59:00 am Rating: 5

49. गुरु का प्रेम || Guru ka Prem सिर्फ एक भावना नहीं, बल्कि एक गहरा, निस्वार्थ और मार्गदर्शक रिश्ता है।

४९. गुरु का प्रेम ‎     प्रभु प्रेमियों ! ' गुरु का प्रेम ' ( Guru ka Prem ) का अर्थ सिर्फ एक भावना नहीं, बल्कि एक गहरा, निस्वार्थ औ...
- 9:05:00 am
49. गुरु का प्रेम || Guru ka Prem सिर्फ एक भावना नहीं, बल्कि एक गहरा, निस्वार्थ और मार्गदर्शक रिश्ता है। 49. गुरु का प्रेम || Guru ka Prem  सिर्फ एक भावना नहीं, बल्कि एक गहरा, निस्वार्थ और मार्गदर्शक रिश्ता है। Reviewed by सत्संग ध्यान on 9:05:00 am Rating: 5

48 . अपने सामान की सुरक्षा || अपने सामान के सुरक्षा कैसे करनी चाहिए गुरुदेव के इस व्यवहार से पता चलता है

48. अपने सामान की सुरक्षा      प्रभु प्रेमियों ! अपने सामान की सुरक्षा के लिए, भीड़-भाड़ वाली जगहों पर कीमती चीज़ें आगे की जेब में रखें, बैग...
- 3:34:00 pm
48 . अपने सामान की सुरक्षा || अपने सामान के सुरक्षा कैसे करनी चाहिए गुरुदेव के इस व्यवहार से पता चलता है  48 .  अपने सामान की सुरक्षा  ||  अपने सामान के सुरक्षा कैसे करनी चाहिए गुरुदेव के इस व्यवहार से पता चलता है Reviewed by सत्संग ध्यान on 3:34:00 pm Rating: 5

S233_02. राम का स्वरूप कैसा है || हम भगवान राम को किस रूप में देखते हैं? श्रीराम कैसे दिखाई देते हैं?

राम का स्वरूप कैसा है सद्गुरु महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर प्रवचन नंबर 233 में बताया गया है भगवान राम का स्वरूप हम कैसा देखते हैं? राम कैस...
- 2:32:00 pm
S233_02. राम का स्वरूप कैसा है || हम भगवान राम को किस रूप में देखते हैं? श्रीराम कैसे दिखाई देते हैं? S233_02.  राम का स्वरूप कैसा है ||  हम भगवान राम को किस रूप में देखते हैं? श्रीराम कैसे दिखाई देते हैं? Reviewed by सत्संग ध्यान on 2:32:00 pm Rating: 5

S233_01. महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर के प्रवचन नंबर 233 में क्या है? इसमें किन-किन विषयों पर चर्चा की गई है?

महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर प्रवचन नंबर 233      प्रभु प्रेमियों ! महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर प्रवचन नंबर 233 बताया गया है कि  भौतिक ...
- 12:07:00 pm
S233_01. महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर के प्रवचन नंबर 233 में क्या है? इसमें किन-किन विषयों पर चर्चा की गई है? S233_01.  महर्षि मेँहीँ सत्संग सुधा सागर के प्रवचन नंबर 233 में क्या है? इसमें किन-किन विषयों पर चर्चा की गई है? Reviewed by सत्संग ध्यान on 12:07:00 pm Rating: 5

Ad 2

Blogger द्वारा संचालित.
बंद करें (X)
बंद करें (X)