प्रभु प्रेमियों ! सत्संग ध्यान के इस प्रवचन सीरीज में आपका स्वागत है। आइए आज जानते हैं-संतमत सत्संग के महान प्रचारक सद्गुरु महर्षि मेंहीं परमहंस जी महाराज के हिंदी प्रवचन संग्रह "महर्षि मेंहीं सत्संग सुधा सागर" के प्रवचन नंबर S184, इसमें बताया गया है कि स्वामी शिवानंद सरस्वती जी महाराज जो Divine Life ऑफ सोसाइटी के प्रचारक हैं। वह डिवाइन लाइफ अर्थात दिव्य जीवन क्या है? संतों के अनुसार डिवाइन लाइफ अर्थात दिव्य जीवन क्या है? क्या आम जीवन से विशेष तरह के जीवन को दिव्य जीवन कहते हैं? संत लोग किसे दिव्य जीवन कहते हैं?
![]() |
| प्रवचन चित्र |
![]() |
| प्रवचन चित्र दो |
![]() |
| प्रवचन समाप्त |
प्रभु प्रेमियों ! आप लोगों ने गुरु महाराज के प्रवचन का पाठ करके जाना के स्वामी शिवानंद सरस्वती के द्वारा स्थापित डिवाइन लाइफ ऑफ सोसाइटी में दिव्य जीवन क्या है। संत लोग दिव्य जीवन किसे कहते हैं।इतनी जानकारी के बाद भी अगर आपके मन में किसी प्रकार का संका या कोई प्रश्न है, तो हमें कमेंट करें। इस प्रवचन के बारे में अपने इष्ट मित्रों को भी बता दें, जिससे वे भी लाभ उठा सकें। सत्संग ध्यान ब्लॉग का सदस्य बने। इससे आपको आने वाले प्रवचन या पोस्ट की सूचना नि:शुल्क मिलती रहेगी।
S184, संतों के अनुसार Divine Life या दिव्य जीवन क्या है - सद्गुरु महर्षि मेंहीं
Reviewed by सत्संग ध्यान
on
1:49:00 pm
Rating:
Reviewed by सत्संग ध्यान
on
1:49:00 pm
Rating:



कोई टिप्पणी नहीं:
प्रभु प्रेमियों ! कृपया वही टिप्पणी करें जो आप किसी संतवाणी से प्रूफ कर सके या समझ बनी हो किसी ऐसी बानी का उपयोग न करें जिनसे आपका भी समय खराब हो और हमारा भी जय गुरु महाराज