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Results for Gitaध्यान

G18 (क) गीता की 5 बातें, जिनमें छुपा है आपकी हर सफलता का राज ।। Bhagwat Geeta- 18tin Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 18 (क) प्रभु प्रेमियों !  भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात  श्रीमद्भागवत  गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ गीत है...
- 10:41:00 am
G18 (क) गीता की 5 बातें, जिनमें छुपा है आपकी हर सफलता का राज ।। Bhagwat Geeta- 18tin Chapter G18 (क)  गीता की 5 बातें, जिनमें छुपा है आपकी हर सफलता का राज ।। Bhagwat Geeta- 18tin Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 10:41:00 am Rating: 5

G06 (ग) संत-महात्माओं, ऋषि-मुनियों और धर्म-शास्त्रों की दृष्टि में नासाग्र का वर्णन ।। Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 6 (ग) प्रभु प्रेमियों ! धर्मशास्त्रों में श्रीमद्भागवत गीता की महिमा लिखी है- " मलनिर्मोचन॑ पुंसां . जलस्त्रान...
- 12:19:00 pm
G06 (ग) संत-महात्माओं, ऋषि-मुनियों और धर्म-शास्त्रों की दृष्टि में नासाग्र का वर्णन ।। Gita- 6th Chapter G06 (ग) संत-महात्माओं, ऋषि-मुनियों और धर्म-शास्त्रों की दृष्टि में नासाग्र का वर्णन ।। Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 12:19:00 pm Rating: 5

G09 (ख) असली राजयोग क्या है? जो जीवन बदल देता है ।। Shreemad Bhagavad Gita- 9th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 09 ख प्रभु प्रेमियों ! भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात सुविख्यात श्रीमद्भागवत गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ...
- 11:14:00 am
G09 (ख) असली राजयोग क्या है? जो जीवन बदल देता है ।। Shreemad Bhagavad Gita- 9th Chapter G09 (ख) असली राजयोग क्या है? जो जीवन बदल देता है ।। Shreemad Bhagavad Gita- 9th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 11:14:00 am Rating: 5

G02 (ख) सांख्य योग का प्रामाणिक अर्थ और उसकी महिमा हिंदी में ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 2nd Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 2 (ख) प्रभु प्रेमियों !  श्रीमद्भागवत गीता की महिमा में बताया गया है कि "जो मनुष्य शुद्धचित्त होकर प्र...
- 11:10:00 am
G02 (ख) सांख्य योग का प्रामाणिक अर्थ और उसकी महिमा हिंदी में ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 2nd Chapter G02 (ख) सांख्य योग का प्रामाणिक अर्थ और उसकी महिमा हिंदी में ।।  Shrimad Bhagwat Geeta- 2nd Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 11:10:00 am Rating: 5

G06 (क) श्रीमद्भागवत गीता में ध्यान योग संबंधी भ्रांतियां और उनका निराकरण ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 06 (क)   प्रभु प्रेमियों !  भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात  श्रीमद्भागवत  गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ गीत...
- 4:54:00 am
G06 (क) श्रीमद्भागवत गीता में ध्यान योग संबंधी भ्रांतियां और उनका निराकरण ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter G06 (क) श्रीमद्भागवत गीता में ध्यान योग संबंधी भ्रांतियां और उनका निराकरण ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 4:54:00 am Rating: 5

G12 (ग) ध्यानयोग से क्या नुकसान हो सकता है ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 12th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 12 प्रभु प्रेमियों ! भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात सुविख्यात श्रीमद्भागवत गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ गी...
- 2:19:00 pm
G12 (ग) ध्यानयोग से क्या नुकसान हो सकता है ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 12th Chapter G12 (ग)  ध्यानयोग से क्या नुकसान हो सकता है ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 12th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 2:19:00 pm Rating: 5

G06 (च) ध्यान में प्रत्याहार क्या है? मन कैसे बस में होता है ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश 06/ (च)     प्रभु प्रेमियों ! वराह पुराण में श्रीमद्भागवतगीता की महिमा गाते में लिखा गया है-   " यः श्रृणोति च गीत...
- 11:44:00 pm
G06 (च) ध्यान में प्रत्याहार क्या है? मन कैसे बस में होता है ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter G06 (च) ध्यान में प्रत्याहार क्या है?  मन कैसे बस में होता है ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 11:44:00 pm Rating: 5

G06 (ड•) ईश्वर-भक्ति की पूर्णता वाली असली समाधि क्या है ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश  / 06 (ड•) प्रभु प्रेमियों !  वराह पुराण में श्रीमद्भागवतगीता की महिमा गाते में लिखा गया है-- " मलनिर्मोचनं पुंसा...
- 7:05:00 pm
G06 (ड•) ईश्वर-भक्ति की पूर्णता वाली असली समाधि क्या है ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter G06 (ड•)  ईश्वर-भक्ति की पूर्णता वाली असली समाधि क्या है ।।  Bhagavad Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 7:05:00 pm Rating: 5

G06 (घ) विंदु ध्यान या नासाग्र में कैसे देखते है, इसे अच्छी तरह समझें ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 6 (घ) प्रभु प्रेमियों ! धर्म शास्त्रों में लिखा है- " भारतामृतसर्वस्वं विष्णोर्वक्त्राद्विनि:सृतम्‌ । गीतागड्रोद...
- 12:02:00 pm
G06 (घ) विंदु ध्यान या नासाग्र में कैसे देखते है, इसे अच्छी तरह समझें ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter G06 (घ) विंदु ध्यान या नासाग्र में कैसे देखते है, इसे अच्छी तरह समझें ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 12:02:00 pm Rating: 5

G06 (ख) ध्यान योग का सही स्वरूप और नासाग्र ध्यान का महत्व ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 6 (ख) प्रभु प्रेमियों ! श्रीमद्भागवत गीता की महिमा के बारे में धर्मशास्त्रों में लिखा है- "गीताशास्त्रमिदं _ पु...
- 4:34:00 pm
G06 (ख) ध्यान योग का सही स्वरूप और नासाग्र ध्यान का महत्व ।। Bhagavad Gita- 6th Chapter G06 (ख) ध्यान योग का सही स्वरूप और नासाग्र ध्यान का महत्व ।।  Bhagavad Gita- 6th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 4:34:00 pm Rating: 5

G05 सन्यासी के कर्म और कर्मयोग की विशेषताएं ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 5th Chapter

श्री-गीता-योग-प्रकाश / 05  प्रभु प्रेमियों !  भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात  श्रीमद्भागवत  गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ गीत है।...
- 7:08:00 pm
G05 सन्यासी के कर्म और कर्मयोग की विशेषताएं ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 5th Chapter G05  सन्यासी के कर्म और कर्मयोग की विशेषताएं  ।। Shrimad Bhagwat Geeta- 5th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 7:08:00 pm Rating: 5

G04 (घ) श्री कृष्ण-लीला और ज्ञान-यज्ञ की महिमा ।। Shrimad Bhagavad Gita- 4rth Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 4 (घ)       प्रभु प्रेमियों ! वराह पुराण बताया गया है- गीतायाः पुस्तकं यत्र पाठः प्रवर्तते- तत्र सर्वाणि तीर्थानि प...
- 11:47:00 pm
G04 (घ) श्री कृष्ण-लीला और ज्ञान-यज्ञ की महिमा ।। Shrimad Bhagavad Gita- 4rth Chapter G04 (घ)  श्री कृष्ण-लीला और ज्ञान-यज्ञ की महिमा ।। Shrimad  Bhagavad Gita- 4rth Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 11:47:00 pm Rating: 5

G04 (ग) अपानवायु को प्राणवायु में और प्राणवायु को अपानवायु में होमना ।। Bhagavad Gita- 4rth Chapter

श्री गीता योग प्रकाश / 4 (ग) प्रभु प्रेमियों !  श्री वेदव्यास जी ने महाभारत में गीता का वर्णन करने के उपरांत कहा है-- गीता सुनीता कर्तब्य...
- 8:56:00 pm
G04 (ग) अपानवायु को प्राणवायु में और प्राणवायु को अपानवायु में होमना ।। Bhagavad Gita- 4rth Chapter G04 (ग) अपानवायु को प्राणवायु में और प्राणवायु को अपानवायु में होमना  ।।  Bhagavad Gita- 4rth Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 8:56:00 pm Rating: 5

G09 (क) भक्ति और भक्त के विविध प्रकार और मोक्ष दायक भक्ति ।। Shrimad Bhagavad Gita- 9th Chapter

श्रीगीता-योग-प्रकाश / 09 क प्रभु प्रेमियों ! भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात सुविख्यात श्रीमद्भागवत गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ...
- 12:38:00 pm
G09 (क) भक्ति और भक्त के विविध प्रकार और मोक्ष दायक भक्ति ।। Shrimad Bhagavad Gita- 9th Chapter G09 (क) भक्ति और भक्त के विविध प्रकार और मोक्ष दायक भक्ति ।।  Shrimad Bhagavad Gita- 9th Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 12:38:00 pm Rating: 5

G03 महर्षि के अनुसार कर्मयोग का सिद्धांत, कर्म का प्रकार और आत्मरत होना क्या है ।। Gita- 3rd Chapter

श्री-गीता-योग-प्रकाश / 03 प्रभु प्रेमियों !  भारत ही नहीं, वरंच विश्व-विख्यात  श्रीमद्भागवत  गीता भगवान श्री कृष्ण द्वारा गाया हुआ गीत है।...
- 1:09:00 pm
G03 महर्षि के अनुसार कर्मयोग का सिद्धांत, कर्म का प्रकार और आत्मरत होना क्या है ।। Gita- 3rd Chapter G03  महर्षि के अनुसार कर्मयोग का सिद्धांत, कर्म का प्रकार और आत्मरत होना क्या है ।।  Gita- 3rd Chapter Reviewed by सत्संग ध्यान on 1:09:00 pm Rating: 5

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